मुरैना। जिले में 14 जुलाई से बच्चों को कुपोषण और गंभीर बीमारियों से बचाने के लिए ‘दस्तक अभियान’ शुरू कर दिया गया है। अगले 33 दिनों तक स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर पांच वर्ष तक के बच्चों की स्वास्थ्य जांच करेंगी।

अभियान का उद्देश्य कुपोषण, एनीमिया, जन्मजात विकृतियों और अन्य गंभीर बीमारियों की समय रहते पहचान कर उनका उपचार सुनिश्चित करना है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, जिले में अभियान के लिए 267 टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें घर-घर जाकर 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों की जांच करेंगी।

अभियान के दौरान 2 लाख 28 हजार बच्चों तक पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही टीकाकरण से वंचित बच्चों की पहचान कर उन्हें भी नियमित टीकाकरण से जोड़ा जाएगा।जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. अजय गोयल ने बताया कि दस्तक अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों में कुपोषण, एनीमिया, जन्मजात विकृतियों और अन्य गंभीर बीमारियों की समय पर पहचान कर उचित उपचार उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार 33 दिनों तक घर-घर जाकर बच्चों की जांच करेंगी।